​पत्रकार सुरक्षा और हितों को लेकर ‘आईसना’ मुखर: महानिदेशक सूचना से की विशेष भेंट

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​देहरादून। सूचना एवं लोक संपर्क विभाग महानिदेशालय में आज ऑल इंडिया स्मॉल न्यूजपेपर्स एसोसिएशन (आईसना) की उत्तराखंड इकाई ने राज्य में पत्रकारों के उत्पीड़न और लंबित समस्याओं को लेकर कड़ा रुख अपनाया है। प्रदेश महासचिव सोमपाल सिंह के नेतृत्व में एक प्रतिनिधिमंडल ने सूचना महानिदेशक बंशीधर तिवारी से मुलाकात कर पत्रकारों की सुरक्षा और विज्ञापन भुगतान जैसे गंभीर मुद्दों पर विस्तृत चर्चा की।
​प्रमुख मुद्दे: सुरक्षा और सम्मान पर जोर
​भेंट के दौरान महासचिव सोमपाल सिंह ने हाल की घटनाओं का हवाला देते हुए पत्रकारों की सुरक्षा पर चिंता व्यक्त की। उन्होंने बताया कि:
​पिछले एक महीने में पत्रकारों पर हमलों की घटनाएं बढ़ी हैं।
​दून अस्पताल के गार्ड्स द्वारा एक महिला पत्रकार और दो युवा पत्रकारों पर तीन बार हमला किया गया, जो बेहद निंदनीय है।
​फील्ड में कवरेज के दौरान पत्रकारों को लगातार खतरों का सामना करना पड़ रहा है।
​महानिदेशक का आश्वासन: सूचना महानिदेशक बंशीधर तिवारी ने इन मुद्दों को गंभीरता से लेते हुए आश्वासन दिया कि पत्रकारों की सुरक्षा सुनिश्चित करने के लिए विभाग जल्द ही ठोस दिशानिर्देश (Guidelines) जारी करेगा।
​आर्थिक और प्रशासनिक मांगों पर चर्चा
​प्रतिनिधिमंडल ने पत्रकारों के आर्थिक हितों को लेकर भी महानिदेशक के समक्ष निम्नलिखित मांगें रखीं:
​रुका हुआ भुगतान: पिछले 6 महीनों से अधिक समय से अटके हुए विज्ञापनों के भुगतान को तुरंत जारी करने की मांग की गई।
​नई सूचीबद्धता (Empanelment): पिछले 4 वर्षों से लंबित समाचार पत्रों और पत्रिकाओं के सूचीबद्धता के मामले पर चर्चा हुई। महानिदेशक ने बताया कि प्रिंट मीडिया समिति के पुनर्गठन के बाद अब जल्द ही इस संबंध में बैठक आयोजित की जाएगी।
​चारधाम यात्रा विज्ञापन: आईसना की मांग पर महानिदेशक ने आगामी चारधाम यात्रा के संबंध में विज्ञापन जारी करने पर अपनी सहमति प्रदान की।
​प्रतिनिधिमंडल में ये रहे मौजूद
​इस महत्वपूर्ण वार्ता के दौरान महासचिव सोमपाल सिंह के साथ सूचना विभाग सूचीबद्धता समिति के सदस्य व वरिष्ठ पत्रकार बसंत पंत और काशीपुर से वरिष्ठ पत्रकार दीपा माहेश्वरी मुख्य रूप से उपस्थित रहीं।
​”पत्रकार लोकतंत्र का चौथा स्तंभ हैं और उनकी सुरक्षा व अधिकारों से कोई समझौता नहीं किया जाएगा। आईसना पत्रकारों के मान-सम्मान की लड़ाई लड़ता रहेगा।”

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