वन अनुसंधान संस्थान ने विकसित की रेशा निकालने की उन्नत तकनीक
देहरादून। उत्तराखण्ड राज्य में बहुउपयोगी पेड़ पौधे बहुतायत में पाए जाते हैं। भीमल (ग्रीविया ऑप्टीवा) इनमें से एक प्रमुख प्रजाति है, जिससे चारा तथा रेशा प्राप्त किया जाता है। अतः यह प्रजाति स्थानीय लोगों की आजीविका का एक मुख्य साधन है। भीमल से रेशा प्रायः परम्परागत विधि से निकाला जाता है, जिसमें लगभग एक माह […]
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